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लाइव, सीजेपी ने केंद्र सरकार से कहा, 'देरी की रणनीति वाला खेल हमसे न खेलें, यह बर्दाश्त नहीं'

कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रवक्ता सौरव दास ने कहा है कि प्रदर्शनकारी स्टूडेंट्स पर दर्ज एफ़आईआर के मामले में सरकार की मंशा सही नहीं है.

सारांश

लाइव कवरेज

रौनक भैड़ा, चंदन कुमार जजवाड़े

  1. सीजेपी ने केंद्र सरकार से कहा, 'देरी की रणनीति वाला खेल हमसे न खेलें, यह बर्दाश्त नहीं'

    कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रवक्ता सौरव दास ने कहा है कि प्रदर्शनकारी स्टूडेंट्स पर दर्ज एफ़आईआर के मामले में सरकार की मंशा सही नहीं है.

    मंगलवार को इस मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट में हुई सुनवाई पर सौरव दास ने प्रतिक्रिया दी है.

    उन्होंने कहा, "सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता कोर्ट में हां बोल रहे हैं, कोर्ट जब मांग रहा है कि एफ़आईआर की लिस्ट दीजिए, जो हमें ख़त्म करनी है तो आप वो लिस्ट दे क्यों नहीं रहे हैं."

    उन्होंने कहा, "प्रदर्शनकारी स्टूडेंट के ख़िलाफ़ एफ़आईआर रद्द होनी चाहिए. यह कैसे किया जाए, माननीय न्यायाधीश तय कर सकते हैं. साथ ही प्रदर्शनों में घुसपैठ करने वाले असामाजिक तत्वों की जांच होनी चाहिए."

    सौरव दास ने कहा, "इस मुद्दे पर पिछली सुनवाई कई दिन पहले हुई थी, आज फिर वही स्थिति है. मैं आपको बता रहा हूं, मंशा सही नहीं है. उन लोगों ने क़रीब 2800 अपराधियों की पहचान की है, उनके ख़िलाफ़ अगर एक्शन लेना है तो वो अलग मुद्दा है."

    "लेकिन स्टूडेंट का, प्रदर्शनकारियों का जो मुद्दा है वो एफ़आईआर से जुड़ा हुआ है. आप कोर्ट में हां बोल रहे हैं लेकिन जो एक्शन लेना है उस पर हिचक रहे हैं, तो आपकी मंशा नहीं दिखती है. हम इसे स्वीकार नहीं करेंगे. हमारे साथ 'देर करने वाली रणनीति' मत खेलिए.

    उन्होंने कहा, "अगर ऐसे लोगों (पहले से गंभीर अपराध में शामिल) ने प्रदर्शन में शामिल होकर कोई अपराध किया है तो उनके ख़िलाफ़ कार्रवाई कीजिए. लेकिन इसकी आड़ में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों के ख़िलाफ़ कार्रवाई करेंगे तो उसे हम बर्दाश्त नहीं करेंगे."

    इससे पहले मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग में प्रदर्शन करने वाले स्टूडेंट के ख़िलाफ़ दर्ज एफ़आईआर को रद्द करने की मंशा जताई.

    लाइव लॉ के मुताबिक़, सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि 2,873 लोगों को छोड़कर, जिनके ख़िलाफ़ हत्या, रेप, अपहरण जैसे गंभीर अपराधों से जुड़े मामले हैं, बाक़ी लोगों के ख़िलाफ़ मामले रद्द किए जा सकते हैं.

    दरअसल जुलाई महीने में तत्कालीन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े और अन्य शिक्षा सुधारों की मांग में देश के कई इलाकों में स्टूडेंट और युवाओं ने प्रदर्शन किए थे.

    इन प्रदर्शनों की शुरुआत सीजेपी के नेतृत्व में दिल्ली के जंतर-मंतर से हुई थी.

  2. रूस ने ब्रिटेन को दी चेतावनी- यूक्रेन को ड्रोन सप्लाई करने की कीमत चुकानी होगी, पॉल किर्बी और टैबी विल्सन

    रूस ने चेतावनी दी है कि हाल ही में रूस में सैन्य और औद्योगिक ठिकानों पर हुए हमलों में ब्रिटेन में निर्मित ड्रोन के इस्तेमाल की पुष्टि होने के बाद ब्रिटेन को इसके "नतीजे" भुगतने होंगे.

    ब्रिटेन में रूसी दूतावास ने एक बयान में ब्रिटेन पर "जानबूझकर यूक्रेन संकट को और बढ़ाने में मदद देने" का आरोप लगाया और कहा कि "संघर्ष में उसकी भागीदारी जितनी गहरी होगी, उसे उतनी ही बड़ी कीमत चुकानी होगी."

    यूक्रेन ने मॉस्को और रूस के अंदर अन्य जगहों पर हमले तेज कर दिए हैं. यूक्रेन ख़ास तौर पर रूस की तेल रिफाइनरियों और उसके प्रमुख ऑनलाइन रिटेलर वाइल्डबेरीज के लॉजिस्टिक्स केंद्रों को निशाना बना रहा है.

    ब्रिटेन के रक्षा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा कि वे यूक्रेन के साथ "कंधे से कंधा मिलाकर" खड़े हैं.

    प्रवक्ता ने कहा, "रूस को इस बात को लेकर कोई संदेह नहीं होना चाहिए कि हम यूक्रेन और ब्रिटेन के अन्य सहयोगियों पर रूसी आक्रमकता के ख़िलाफ खड़े हैं.”

    रूस इससे पहले भी यूक्रेन को ड्रोन तकनीक उपलब्ध कराने में ब्रिटेन की भूमिका को लेकर उसे धमकी दे चुका है, लेकिन यह स्पष्ट नहीं किया कि रूस किस तरह की धमकी पर विचार कर रहा है.

    युद्ध के मौजूदा चरण ने रूस की घरेलू ईंधन आपूर्ति को सीधे प्रभावित किया है और रूसी अर्थव्यवस्था को नुक़सान पहुंचाया है.

    फरवरी 2022 में रूस के पूर्ण पैमाने पर आक्रमण शुरू करने के बाद से ब्रिटेन यूक्रेन के सबसे बड़े अंतरराष्ट्रीय समर्थकों में शामिल रहा है.

    यूक्रेन को सैन्य मदद देने वालों में अमेरिका और जर्मनी के बाद ब्रिटेन ही है.

  3. जेन ज़ी प्रदर्शन मामला: सुप्रीम कोर्ट ने स्टूडेंट के ख़िलाफ़ एफ़आईआर पर ये कहा

    सुप्रीम कोर्ट ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग में प्रदर्शन करने वाले छात्रों के ख़िलाफ़ दर्ज एफ़आईआर को रद्द करने की मंशा जताई है.

    पिछले महीने परीक्षा के पेपर लीक जैसे मुद्दों को लेकर देश के अलग-अलग हिस्सों में स्टूडेंट ने प्रदर्शन किए थे.

    लाइव लॉ के मुताबिक़, कोर्ट ने स्पष्ट किया कि गंभीर अपराधों का पिछला रिकॉर्ड रखने वाले और प्रदर्शनों में घुसपैठ करने वाले लोगों के ख़िलाफ़ दर्ज मामले रद्द नहीं किए जाएंगे.

    भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने कहा कि यह हज़ारों छात्रों के भविष्य का सवाल है.

    सीजेआई ने छात्र प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा से जुड़े मुद्दों की जांच के लिए एक उच्च स्तरीय कमेटी गठित करने की अदालत की मंशा भी दोहराई और संकेत दिया कि इस कमेटी में सुप्रीम कोर्ट के एक पूर्व जज, हाई कोर्ट के एक पूर्व जज और एक पूर्व डीजीपी शामिल होंगे.

    सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि 2,873 लोगों को छोड़कर, जिनके ख़िलाफ़ हत्या, रेप, अपहरण जैसे गंभीर अपराधों से जुड़े मामले हैं, बाक़ी लोगों के ख़िलाफ़ मामले रद्द किए जा सकते हैं.

    उन्होंने कहा, "प्रदर्शनकारी स्टूडेंट के ख़िलाफ़ एफ़आईआर रद्द होनी चाहिए. यह कैसे किया जाए, माननीय न्यायाधीश तय कर सकते हैं. साथ ही प्रदर्शनों में घुसपैठ करने वाले असामाजिक तत्वों की जांच होनी चाहिए."

  4. पहले टेस्ट मैच में भारत ने श्रीलंका को दिया 372 रनों का लक्ष्य

    भारत ने गॉल में खेले जा रहे पहले टेस्ट मैच में श्रीलंका के सामने 372 रनों का लक्ष्य रखा है.

    भारत ने अपनी दूसरी पारी में 193 रन बनाए. पारी में तेज़ी से रन बनाने की कोशिश में भारत का कोई भी बल्लेबाज़ टिक नहीं सका.

    भारत की ओर से सबसे ज़्यादा 66 रन ऋषभ पंत ने बनाए. पहली पारी में 167 रनों का योगदान देने वाले देवदत्त पडिक्कल ने दूसरी पारी में 44 रन बनाए.

    इससे पहले भारत की पहली पारी में 462 रन के जवाब में श्रीलंका की टीम अपनी 284 रनों पर आउट हो गई थी.

    भारत की ओर से मानव सुतार ने 4 और रवींद्र जडेजा ने तीन विकेट चटकाए.

  5. राहुल गांधी ने झारखंड सरकार और प्रदर्शनकारियों पर अब क्या कहा

    कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा कि यह ख़बर सुनकर ख़ुशी हुई कि झारखंड के छात्रों और राज्य सरकार के बीच सहमति बन गई है.

    राहुल गांधी ने मंगलवार को एक्स पर लिखा, "झारखंड के छात्रों और राज्य सरकार के बीच सहमति बनी और छात्रों ने अपनी भूख हड़ताल समाप्त की- यह ख़बर सुनकर बहुत ख़ुशी हुई."

    उन्होंने लिखा, "मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन जी और झारखंड सरकार ने बातचीत का रास्ता चुना, और समाधान निकाला. छात्रों ने संयम रखा, और अपनी बात मनवाई. यही सही तरीक़ा है - छात्र सवाल पूछें, तो जवाब मिलना चाहिए."

    राहुल गांधी ने लिखा, "हम देश के हर छात्र के साथ खड़े हैं और हम इस वसूली तंत्र को जड़ से बदलकर रहेंगे, ताकि हर छात्र को उसकी मेहनत का पूरा फल और निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा का हक़ मिले. पूरे देश में ये सिस्टम बदलेगा."

    सोमवार को सीएम हेमंत सोरेन ने जेपीएससी-14, जेएसएससी-सीजीएल की परीक्षा रद्द कर दी है. हालाँकि आंदोलनकारी स्टूडेंट सीबीआई जाँच की माँग को लेकर अब भी प्रदर्शन कर रहे हैं.

  6. अब मुझे यानी बीबीसी संवाददाता रौनक भैड़ा को इजाज़त दीजिए. अब से रात दस बजे तक बीबीसी संवाददाता चंदन कुमार जजवाड़े आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगे.

    बीबीसी हिन्दी के पेज पर मौजूद कुछ बड़ी ख़बरों को पढ़ने के लिए नीचे दिए हुए लिंक्स पर क्लिक करें.

  7. पाकिस्तान: सुप्रीम कोर्ट ने इमरान ख़ान को अस्पताल में शिफ़्ट करने का दिया आदेश, शुमाइला ख़ान, बीबीसी संवाददाता

    पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान को इलाज के लिए शिफ़ा इंटरनेशनल अस्पताल में शिफ़्ट करने का आदेश दिया है.

    उन्हें 16 सितंबर को होने वाली अगली सुनवाई तक अस्पताल में रखा जाएगा.

    सुप्रीम कोर्ट की तीन सदस्यीय पीठ ने इमरान ख़ान की अस्पताल में भर्ती कराने की याचिका पर सुनवाई की. पीठ की अध्यक्षता जस्टिस शाहिद वाहिद ने की, जबकि जस्टिस नईम अख़्तर अफ़ग़ान और जस्टिस इश्तियाक इब्राहिम इसके सदस्य थे.

    सुप्रीम कोर्ट ने अदियाला जेल के अधीक्षक को अवमानना का नोटिस भी जारी किया है. अदालत ने इमरान ख़ान की स्वास्थ्य स्थिति से संबंधित उनका पूरा मेडिकल रिकॉर्ड पेश करने का निर्देश दिया है.

    कोर्ट ने अधिकारियों को इमरान ख़ान की उनके परिवार के सदस्यों से हर सप्ताह मुलाक़ात सुनिश्चित करने का भी आदेश दिया.

    इसके अलावा, कोर्ट ने इमरान ख़ान से हुई सभी मुलाक़ातों का विस्तृत रिकॉर्ड और उनके ख़िलाफ़ लंबित सभी मामलों की पूरी जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं.

    इमरान ख़ान के सलाहकार ज़ुल्फ़ी बुख़ारी ने सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले का स्वागत किया.

    उन्होंने कहा, "इमरान ख़ान को शिफ़ा इंटरनेशनल अस्पताल भेजने का आदेश सही है. काश, यह फैसला पहले हो गया होता, ताकि उनकी आंख और सेहत इतनी खराब नहीं होती."

  8. जेपी नड्डा की दिल्ली एम्स में हुई एंजियोप्लास्टी, अस्पताल ने ये बताया

    केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा की 17 अगस्त को दिल्ली स्थित एम्स में एंजियोप्लास्टी की गई.

    अस्पताल ने मंगलवार को बताया कि उनकी हालत स्थिर है और उन्हें निगरानी में रखा गया है.

    एम्स की ओर से जारी आधिकारिक बयान में कहा गया, "केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा की 17 अगस्त 2026 को एंजियोप्लास्टी की गई. उनकी हालत स्थिर है और एम्स दिल्ली के कार्डियोलॉजी विभाग में निगरानी में रखा गया है."

    समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़, गुरुवार को जेपी नड्डा की तबीयत खराब होने के बाद उन्हें दिल्ली एम्स में भर्ती कराया गया था.

    अस्पताल ने बताया था कि नड्डा को बेचैनी की शिकायत के बाद अस्पताल लाया गया था.

  9. प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग को लेकर दिल्ली पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट में क्या कहा

    दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट मेंहलफनामा दाख़िल कर स्टूडेंट प्रोटेस्ट मेंप्रदर्शनकारियों पर अत्यधिक बल प्रयोग के आरोपों से इनकार किया है.

    डीसीपी सचिन शर्मा की ओर से दाख़िल जवाबी हलफनामे में कहा गया है कि प्रदर्शन उस समय शांतिपूर्ण नहीं रहा, जब भीड ने बैरिकेडिंग तोड़ दी और संसद की ओर बढ़ने की कोशिश की.

    हलफनामे के मुताबिक़, स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने चरणबद्ध तरीक़े से बल का इस्तेमाल किया.

    लाइव लॉ के अनुसार, पुलिस का कहना है कि क़रीब 5,000 पुलिसकर्मी तीन किलोमीटर के क्षेत्र में फैली 30,000 से अधिक लोगों की भीड़ को कंट्रोल करने की कोशिश कर रहे थे.

    पुलिस ने बताया कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण से बाहर होने के बाद प्रदर्शनकारियों और पुलिसकर्मियों के बीच झड़प हुई, जिसमें दोनों पक्षों के लोग घायल हुए.

    दरअसल, सुप्रीम कोर्ट में पुलिस की कथित ज्यादती को लेकर कई याचिकाओं पर सुनवाई हुई.

    पुलिस के अनुसार, "इस दौरान 240 से अधिक पुलिसकर्मी और वर्दीधारी अधिकारी, जबकि क़रीब 200 आम लोग और प्रदर्शनकारी घायल हुए."

    पुलिस ने यह भी दावा किया कि प्रदर्शन में कुछ असामाजिक तत्व और हिस्ट्रीशीटर शामिल हो गए थे.

    दिल्ली पुलिस ने यह भी कहा है कि संसद मार्च की अनुमति नहीं दी गई थी. ऐसे में पुलिस के मुताबिक़ यह जमावड़ा अवैध था.

    पुलिस ने याचिकाकर्ताओं की ओर से पेश किए गए सबूतों पर भी सवाल उठाए हैं.

    हलफनामे में कहा गया है कि याचिकाओं में चुनिंदा तस्वीरों, अधूरे वीडियो क्लिप, अपुष्ट मीडिया रिपोर्टों और सोशल मीडिया पोस्ट पर भरोसा किया गया है.

  10. बिहार: लालू और तेजस्वी यादव ने 19 अगस्त के लिए किया ये एलान

    राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) ने पेपरलीक, बेरोज़गारी, शिक्षा व्यवस्था और सिवान फ़ायरिंग के मुद्दे पर 19 अगस्त को पटना में राजभवन मार्च निकालने का आह्वान किया है.

    नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने अपील करते हुए कहा कि सब युवा एकजुट होकर 19 अगस्त को अपनी ताक़त का प्रदर्शन करें.

    उन्होंने एक्स पर लिखा, "बिहार में कोई भी परीक्षा बिना पेपरलीक क्यों नहीं होती? क्या नौकरी में निष्पक्ष और पारदर्शी चयन होता है? बिहार शिक्षा क्षेत्र में लगातार फ़िसड्डी क्यों है? क्या भर्ती प्रक्रिया में भेदभाव और पक्षपात नहीं होता? देश के सबसे युवा प्रदेश के नौजवान सबसे अधिक बेरोज़गार क्यों? लोकतांत्रिक तरीक़े से हक़-अधिकार माँगने वाले छात्रों पर एके-47 से गोलियां किसने चलवाई?"

    तेजस्वी ने लिखा, "इन सब सवालों का जवाब लेने के लिए आइए हम सब युवा एकजुट होकर 19 अगस्त को अपनी ताक़त का प्रदर्शन करें तथा लूट तंत्र से बनी अहंकारी सरकार की जवाबदेही तय करे."

    बिहार के पूर्व सीएम लालू प्रसाद यादव ने भी लोगों से 19 अगस्त को पटना में जुटने की अपील की है.

    उन्होंने एक्स पर लिखा, "समस्त छात्र-युवा शक्ति पेपरलीक, बदहाल शिक्षा प्रणाली, पक्षपातपूर्ण बहाली प्रक्रिया और बेरोज़गारी से त्रस्त है. लूट तंत्र से बनी दंभी सरकार उनकी लोकतांत्रिक मांगों को सुनने की बजाय एके-47 से गोलियां बरसाती है, यह अन्यायपूर्ण है. इस तानाशाही के विरुद्ध सभी 19 अगस्त को पटना में एकजुट हो."

    गौरतलब है कि सोमवार को ही बिहार सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में माना कि हालिया स्टूडेंट प्रोटेस्ट के दौरान सिवान में एक पुलिसकर्मी ने भीड़ से घिरने के बाद अपनी एके-47 से हवा में चार राउंड फ़ायरिंग की थी.

    हालांकि, सरकार ने स्पष्ट किया कि इस फ़ायरिंग में किसी प्रदर्शनकारी को चोट नहीं लगी.

  11. होर्मुज़ स्ट्रेट से बाहर निकलते समय एक जहाज़ पर हमला, क्रू सदस्य की मौत

    होर्मुज़ स्ट्रेट से बाहर निकलते समय एक जहाज़ को अज्ञात प्रोजेक्टाइल से निशाना बनाए जाने की ख़बर है.

    ब्रिटिश मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस ऑर्गनाइजेशन (यूकेएमटीओ) के मुताबिक़, हमले में जहाज़ के इंजन रूम को नुक़सान पहुंचा है और एक क्रू सदस्य की मौत हो गई है.

    यूकेएमटीओ ने बताया कि घटना के बाद ओमान कोस्ट गार्ड जहाज़ पर सवार बाक़ी क्रू सदस्यों को बचाने के अभियान में जुटा हुआ है.

    यह बताया गया है कि मामले की जांच संबंधित अधिकारी कर रहे हैं.

    उल्लेखनीय है कि यह घटना ऐसे समय हुई है जब होर्मुज़ स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाज़ों की संख्या में भारी कमी आई है और अब कुछ ही जहाज़ यहां से गुज़र रहे हैं.

    अमेरिका-इसराइल और ईरान के बीच युद्ध शुरू होने से पहले इस मार्ग से रोज़ाना 130 से अधिक जहाज़ गुजरते थे.

  12. बीजेपी ने तीन राज्यों में नियुक्त किए प्रभारी, यूपी की ज़िम्मेदारी इन्हें मिली

    भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने उत्तर प्रदेश, पंजाब और गुजरात के लिए नए प्रदेश प्रभारी नियुक्त किए हैं.

    उत्तर प्रदेश में विनोद तावड़े को प्रदेश प्रभारी नियुक्त किया गया है, जबकि जगदीश ईश्वरभाई पटेल को सह-प्रभारी की जिम्मेदारी दी गई है.

    पंजाब में सतीश पूनिया को प्रदेश प्रभारी नियुक्त किया गया है. वहीं, गुजरात की जिम्मेदारी तरुण चुग को प्रदेश प्रभारी के तौर पर सौंपी गई है.

  13. जंतर-मंतर प्रदर्शन पर बोले किरेन रिजिजू- दिल्ली पुलिस की तारीफ़ होनी चाहिए

    केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने जंतर-मंतर पर हुए युवाओं के प्रदर्शन का ज़िक्र करते हुए कहा है कि इस मामले में दिल्ली पुलिस की तारीफ़ होनी चाहिए.

    किरेन रिजिजू ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा, "एक भी व्यक्ति की मौत नहीं हुई, एक व्यक्ति की भी हड्डी नहीं टूटी. एक भी प्रदर्शनकारी गंभीर चोट के साथ अस्पताल में नहीं है. इतना बड़ा आंदोलन, हजारों लोग आए और छात्रों की आड़ में अपराधी भी प्रदर्शन में घुस गए."

    उन्होंने कहा, "आधे से ज्यादा लोग, चाहे वे आम आदमी पार्टी से हों, डफ़ली बजाने वाले हों, भीम आर्मी हो या समाजवादी पार्टी हो, वो आए उन्होंने दूसरों को हिंसा के लिए भड़काया. फिर भी एक भी मौत नहीं हुई.

    "कांग्रेस के समय ऐसे कई आंदोलन हुए, जिनमें हजारों लोगों की मौत हुई. इस मामले में दिल्ली पुलिस और प्रशासन की तारीफ़ करनी चाहिए कि उन्होंने इतने बड़े प्रदर्शन को संभाला और एक भी व्यक्ति की मौत नहीं हुई."

    रिजिजू ने कहा, "जब वे जबरदस्ती संसद की ओर बढ़े, तभी उन्हें रोका गया. कोई मौत नहीं हुई. पुलिस की तारीफ़ की जानी चाहिए."

    गौरतलब है कि प्रदर्शनकारियों पर हुई दिल्ली पुलिस की कार्रवाई के बाद विपक्षी दलों ने सरकार और गृह मंत्रालय की आलोचना की थी.

  14. मध्य प्रदेश: भिंड-ग्वालियर हाईवे पर भीषण सड़क हादसे में आठ लोगों की मौत

    मध्य प्रदेश के भिंड जिले में मंगलवार तड़के एक भीषण सड़क हादसे में आठ मज़दूरों की मौत हो गई, जबकि 32 अन्य घायल हो गए.

    समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार, हादसा भिंड-ग्वालियर नेशनल हाईवे पर छिमका गांव के पास रात को करीब एक बजे हुआ.

    पुलिस के मुताबिक़, मज़दूर धान की रोपाई का काम पूरा करने के बाद ग्वालियर से उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी स्थित अपने गांव लौट रहे थे. इसी दौरान उनकी पिकअप गाड़ी की सामने से आ रहे डंपर ट्रक से ज़ोरदार टक्कर हो गई.

    गोहद चौराहा थाना प्रभारी रामनरेश यादव ने बताया, "शुरुआती जांच में सामने आया है कि हाईवे पर बैठे मवेशियों को बचाने की कोशिश में पिकअप चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया. इसके बाद पिकअप गलत दिशा में चली गई और सामने से आ रहे डंपर से टकरा गई."

    हादसे में पांच मज़दूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया.

    हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची. स्थानीय लोगों की मदद से पुलिस ने वाहन में फंसे मज़दूरों को बाहर निकाला.

    गंभीर रूप से घायल मज़दूरों को बेहतर इलाज के लिए ग्वालियर रेफर किया गया है. पुलिस ने हादसे की जांच शुरू कर दी है.

  15. तमिलनाडु के सीएम विजय ने विधानसभा में क्यों मांगी माफ़ी?

    तमिलनाडु विधानसभा में सोमवार को पूर्व मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि का नाम लिए जाने को लेकर जमकर हंगामा हुआ.

    विवाद बढ़ने के बाद मुख्यमंत्री सी. जोसेफ़ विजय ने मंत्री की ओर से माफ़ी मांगी और कहा कि सदन में पूर्व मुख्यमंत्री का नाम इस तरह लेना उचित नहीं था.

    दरअसल, मुख्यमंत्री जोसेफ़ विजय की सरकार में वन मंत्री रंजीत कुमार सदन को संबोधित कर रहे थे. इसी दौरान उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि का नाम लिया.

    इस पर डीएमके सदस्यों ने कड़ी आपत्ति जताते हुए विरोध शुरू कर दिया. पार्टी ने आपत्ति जताते हुए कहा कि उनके नाम के आगे सम्मानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया जाना ज़रूरी है.

    विरोध के बाद विधानसभा अध्यक्ष ने मंत्री की विवादित टिप्पणी को सदन की कार्यवाही के रिकॉर्ड से हटाने का निर्देश दिया. स्पीकर ने स्पष्ट किया कि मंत्री का बयान विधानसभा की कार्यवाही में दर्ज नहीं किया जाएगा.

    विवाद बढ़ने के बीच मुख्यमंत्री जोसेफ़ विजय ने मंत्री की ओर से माफ़ी मांगी.

    उन्होंने कहा, "मंत्री की ओर से इस तरह आपके नेता का नाम लेना ग़लत था और इसके लिए मैं माफ़ी मांगता हूं."

  16. 'ट्रंप की लोकप्रियता मौजूदा कार्यकाल में सबसे निचले स्तर पर': सर्वे

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की लोकप्रियता में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है.

    रॉयटर्स/इप्सोस के ताज़ा सर्वे के मुताबिक़, ट्रंप की अप्रूवल रेटिंग गिरकर 33 फ़ीसदी पर पहुंच गई है, जो उनके मौजूदा कार्यकाल का सबसे निचला स्तर है.

    सर्वे में शामिल 64 फ़ीसदी अमेरिकी नागरिकों ने राष्ट्रपति के तौर पर ट्रंप के प्रदर्शन को नापसंद किया, जबकि केवल 33 फ़ीसदी लोगों ने उनके कामकाज को मंज़ूरी दी.

    इस महीने की शुरुआत में हुए सर्वे में ट्रंप की अप्रूवल रेटिंग 35 फ़ीसदी थी.

    सर्वे के मुताबिक़, ट्रंप की मौजूदा अप्रूवल रेटिंग उनके पहले कार्यकाल के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है. इससे पिछले कार्यकाल के दौरान दिसंबर 2017 में भी उनकी अप्रूवल रेटिंग 33 फ़ीसदी दर्ज की गई थी.

    सर्वे में ईरान युद्ध को लेकर भी अमेरिकी नागरिकों की चिंता सामने आई है. क़रीब 80 फ़ीसदी लोगों ने कहा कि उन्हें आशंका है कि अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध लंबा खिंचेगा.

  17. मल्लिकार्जुन खड़गे बोले- मैं पहली बार विधायक बना तब अमित शाह बच्चे थे

    कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बीजेपी और इनके पुरखों ने कभी आज़ादी की लड़ाई नहीं लड़ी.

    गोवा में सोमवार को कांग्रेस के एक सम्मेलन के दौरान खड़गे ने कहा, "जब मैं पहली बार विधायक बना था, तब अमित शाह बच्चे थे और आज हमें देशभक्ति सिखा रहे हैं."

    उन्होंने कहा, "बीजेपी और इनके पुरखों ने कभी आज़ादी की लड़ाई नहीं लड़ी, इसलिए ये लोग कांग्रेस के लोगों को देशभक्ति न सिखाएं. एंटी इंडिया और एंटी रिलिजन तो बीजेपी है, क्योंकि जब मैंने उत्तराखंड में भाषण दिया तो बीजेपी के लोगों ने भाषण मंच का शुद्धिकरण कर दिया."

    "आरएसएस के लोग अंग्रेज़ों के ग़ुलाम रहे. न आज़ादी की लड़ाई लड़ी, न लोगों का हित किया. इतिहास गवाह है कि आरएसएस के लोगों ने अंग्रेज़ों को चिट्ठियां लिखीं कि हम आपके साथ हैं, लेकिन महात्मा गांधी जी ने कहा- करो या मरो."

    खड़गे ने कहा, "गोवा में कांग्रेस की सरकार आई तो नशा बंद होगा. जल-जंगल-ज़मीन को बचाएंगे और युवाओं को नौकरी मिलेगी. ये मेरा और मेरी पार्टी का वादा है, इसलिए आप सभी कांग्रेस पार्टी के साथ आइए और सरकार बनाइए."

  18. अमेरिका और ईरान की बातचीत कहां तक पहुंची, डोनाल्ड ट्रंप के दामाद ने बताया

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दूत और उनके दामाद जेरेड कुशनर ने सोमवार को कहा कि ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत गंभीर स्तर पर जारी है, लेकिन दोनों पक्षों के बीच अभी तक किसी समझौते पर सहमति नहीं बन पाई है.

    कुशनर ने फ़ॉक्स न्यूज़ से बातचीत में कहा, "अमेरिका और ईरान की विभिन्न सरकारी संस्थाओं के बीच बातचीत सम्भवतः अब तक के सबसे मज़बूत दौर में है. हालांकि, यह अभी किसी अंतिम नतीजे तक नहीं पहुंची है."

    इससे पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस में पत्रकारों से कहा था कि वह ईरान के साथ अंतरिम समझौते को आगे बढ़ाने की कोशिश नहीं कर रहे हैं.

    बीबीसी फ़ारसी के मुताबिक़, यह समझौता प्रभावी रूप से विफल हो गया है, क्योंकि इसके ज़रिए होर्मुज़ स्ट्रेट को खोलने का रास्ता साफ़ नहीं हो सका.

    ट्रंप ने अपने ताज़ा बयान में यह भी कहा कि उन्हें नहीं लगता कि ईरान उस समझौते को स्वीकार करने के लिए तैयार होगा, जिसे अमेरिका ज़रूरी मानता है.

  19. अमित शाह का ज़िक्र करते हुए पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने क्या कहा

    पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने सोमवार को बयान जारी कर गृह मंत्री अमित शाह के आरोपों को सिरे से ख़ारिज किया और कहा कि भारत ने अपने यहां हुई कुछ गिरफ़्तारियों को पाकिस्तान से जोड़ने की कोशिश की है.

    पाकिस्तान ने कहा कि भारत ने ये प्रचार अपनी घरेलू सुरक्षा चुनौतियों से ध्यान हटाने और राजनीतिक फ़ायदे के लिए पाकिस्तान को ज़िम्मेदार ठहराने के लिए किया है.

    पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने सोमवार को कहा, "ऐसा प्रचार पाकिस्तान के ख़िलाफ़ भारत के ग़लत अभियान का एक और उदाहरण है. भारत अपने आंतरिक सुरक्षा संकट से ध्यान भटकाने और घरेलू राजनीतिक हितों के लिए पाकिस्तान को ज़िम्मेदार ठहराने की कोशिश कर रहा है."

    उन्होंने कहा, "भारत ऐसा देश है जो अपने अल्पसंख्यकों पर बुरी तरह अत्याचार करता है और विरोध की आवाज़ों को दबाता है. भारत देश के बाहर आतंक फैला रहा है और आतंकवादियों की मदद कर रहा है."

    "पाकिस्तान ने बार-बार भारत के आतंकवाद और अस्थिरता पैदा करने वाली गतिविधियों में शामिल होने के सबूत साझा किए हैं. भारतीय नौसेना के दोषी ठहराए गए और सज़ा काट रहे पूर्व कमांडर कुलभूषण जाधव, पाकिस्तान में भारत के सीधे दख़ल और आतंकवाद में शामिल होने का साफ़ सबूत हैं."

    पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने कहा, "पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील करता है कि वह भारत के बिना आधार वाले आरोपों को ख़ारिज करे और क्षेत्र में भारत की ओर से प्रायोजित आतंकवाद के लिए उसे ज़िम्मेदार ठहराए."

    गौरतलब है कि गृह मंत्री अमित शाह ने कहा था कि भारतीय सुरक्षा बलों ने स्वतंत्रता दिवस से पहले 14 राज्यों में अभियान चलाकर पाकिस्तान स्थित 'आईएसआई -समर्थित शहजाद भट्टी नेटवर्क' को खत्म कर दिया है और 200 से अधिक ऑपरेटिव्स को गिरफ्तार किया है.

  20. झारखंड: परीक्षा रद्द होने के बाद भी आंदोलन क्यों जारी, स्टूडेंट लीडर ने ये बताया

    झारखंड में चल रहे स्टूडेंट आंदोलन के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार को जेपीएससी-14, जेएसएससी-सीजीएल की परीक्षाओं को रद्द करने का एलान किया है. हालांकि, छात्रों का कहना है कि उनका आंदोलन अब भी जारी है.

    छात्र नेता रविंद्र पासवान ने कहा, "मंत्री दीपिका पांडे और इरफ़ान अंसारी अभी आए थे उन्होंने हमसे अपील की कि ये आंदोलन और अनशन को ख़त्म करें. लेकिन जो हमारी मांगें सीबीआई जांच से संबंधित हैं, उस पर सरकार की अभी तक सहमति नहीं बन पाई है."

    उन्होंने कहा, "सरकार की तरफ़ से जो भी नोटिफ़िकेशन आएगा उसका भी हम अध्ययन करेंगे उसके बाद हम अपने आंदोलन की रणनीति के बारे में बताएंगे. हमारी मांग है कि सीबीआई जांच होनी चाहिए."

    गौरतलब है कि इससे पहले भी सरकार ने टीडीपीएल के माध्यम से आयोजित परीक्षाओं की जांच कराने की बात कही थी. अब मुख्यमंत्री ने परीक्षाओं, परिणामों और चयन तक को रद्द करने की बात स्पष्ट रूप से कही है.